अंक 001

काम

सामाजिक, राजनीतिक, बौद्धिक विचार के रूप में काम. इसके इतिहास और विकास की नारीवादी नज़रिए से छानबीन

November 2020
अंक 001: काम
औरतों के काम को कैसे नापा जाए? उसका अनुमान कैसे लगाया जाए? वे कब काम करती हैं, कितना काम करती हैं और कौन−सी क्रिया को काम का दर्जा दिया जाए?

नवीनतम पोस्ट

शेर सिंह_मजदूर

शेर सिंह: श्रमिक आंदोलन के मज़बूत स्तंभ

शेर सिंह, फरीदाबाद मज़दूर अखबार के सह-संस्थापक और संपादक थे, जिन्होंने 1982 से लेकर लगभग चार दशकों तक इस अखबार...
जाति

हमारे बीच में

हमारे बीच में, दो महिलाओं के जीवन में जाति की रेखाओं को टटोलने और उसे पर्दे पर उभारने की यात्रा...
Cream and Purple Collage Photo Portrait Jazz Poster (1200 x 730

“मैं”- शब्द एक, परिभाषाएं अनेक

"मैं”- इस पहेली के बारे में कभी न कभी तो हम सब ने सोचा ही है. आज सेल्फी के इस...
बेटा किसका?

बोलती कहानियां Ep 2: बेटा किसका?

बोलती कहानियां के इस एपिसोड में अनीता से सुनिए कहानी 'बेटा किसका?' और जानें कि जब वीरमति से ये सवाल...
रोटी बनाए टंटू

बोलती कहानियां Ep 1: रोटी बनाए टंटू

बोलती कहानियां के इस एपिसोड में अनीता से सुनिए कहानी ‘रोटी बनाए टंटू’ और जानें क्या होता है जब पति...
HindiFigure1-TUS

औरतों के श्रम को कैसे नापा जाए?

नारीवादी अर्थशास्त्रियों द्वारा लंबे समय से श्रम को मापने के लिए काम के घंटों, ख़ासकर, महिलाओं के काम के घंटों...